इन नए नियम के बाद देश में किसी भी बैंक अथवा वित्तीय संस्था के पास यदि कोई व्यक्ति 50,000 रुपये से अधिक का कैश ट्रांजैक्शन करने के लिए पहुंचता है तो उस व्यक्ति को अपने पहचान पत्र का ओरिजिनल डॉक्यूमेंट ले जाना होगा.
नियम के मुताबिक, बैंक अथवा वित्तीय संस्था उसके पास मौजूद व्यक्ति के पहचान पत्र की कॉपी को ओरिजिनल डॉक्यूमेंट के साथ मिलान करने के साथ-साथ एक नई कॉपी पर ट्रांजैक्शन के रिकॉर्ड को दर्ज करना होगा. मनीलॉन्डरिंग कानून देश में मनीलॉन्डरिंग और कालेधन के सृजन पर लगाम लगाने के लिए है. इस कानून के मुताबिक बैंक, वित्तीय संस्थान समेत मध्यस्थता करने वाली संस्थाओं जैसे स्टॉक मार्केट इत्यादि को अपने ग्राहकों का पूरा रिकॉर्ड वित्तीय खुफिया विभाग (एफआईयू) को देनी होगी.

















