
मौलाना ने कहा कि हमारे देश की विदेश नीति हमेशा फिलीस्तीन समर्थक रही है लेकिन मौजूदा सरकार के इस्राएल से गहरे संबंध हैं इसलिए भारत सरकार अपनी विदेश नीति पर पुनविचार करे और इसराइल ये संबंध समाप्त करे।
मौलाना रजा हुसैन ने कहा कि इजरायली अत्याचार के विरोध करना लिए हर इंसान पर अनिवार्य है, मुसलमानों में एकता नही है इसका लाभ उठाकर ही अमेरिका ने यरूशलेम को इसराइल की राजधानी बनाने का फैसला किया है। अगर हम एकजुट होते तो अमेरिका कभी यह साहस नहीं करता कि वह एसा निर्णय लेता


















