कोरोना वायरस के बढ़ते प्रकोप के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि इन दो महीनों में, भारत के 130 करोड़ नागरिकों ने कोरोना जैसी वैश्विक महामारी का डटकर मुकाबला किया है। सभी देशवासियों ने आवश्यक सावधानियां बरतने का प्रयास भी किया है।

नयी दिल्ली। कोरोना वायरस के बढ़ते प्रकोप के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राष्ट्र को संबोधित करते हुए कहा कि पूरा विश्व इस समय संकट के गंभीर दौर से गुजर रहा है। आम तौर पर जब कोई प्राकृतिक संकट आता है तो वो कुछ देश या राज्यों तक सीमित रहता है। लेकिन इस संकट ने पूरी मानव जाति को संकट में डाल दिया है।
Stay at home and do not step out until it is absolutely essential.
I specially urge the elderly to not venture out of their homes. #IndiaFightsCorona pic.twitter.com/ae2ld4VHBW
— Narendra Modi (@narendramodi) March 19, 2020
उन्होंने कहा कि इन दो महीनों में, भारत के 130 करोड़ नागरिकों ने कोरोना जैसी वैश्विक महामारी का डटकर मुकाबला किया है। सभी देशवासियों ने आवश्यक सावधानियां बरतने का प्रयास भी किया है। लेकिन बीते कुछ दिनों से ऐसा माहौल बना हुआ है जिसके लग रहा है हम सब ठीक है। वैश्विक महामारी कोरोना से निश्चिंत हो जाने की ये सोच सही नहीं है।
Have written against many govt moves but this was a speech by the PM that https://t.co/hEYggGXtzE staves of panic without undermining the gravity of the situation.Applauding those providing essential services will also make us feel more united during this pandemic. #jantacurfew https://t.co/I5maq4kDBk
— Twinkle Khanna (@mrsfunnybones) March 19, 2020
पीएम मोदी ने कहा कि साथियों, आपसे मैंने जब भी, जो भी मांगा है। मुझे कभी भी देशवासियों ने निराश नहीं किया है। ये आपके आशीर्वाद की ताकत है कि हम सब मिलकर अपने निर्धारित लक्ष्यों की तरफ आगे बढ़ रहे हैं और प्रयास सफल भी होते हैं। मैं आज सभी देशवासियों से कुछ मांगने आया हूं। पीएम मोदी ने आगे कहा कि मुझे आपके आने वाले कुछ सप्ताह चाहिए, आपका आने वाला कुछ समय चाहिए। मेरे प्यारे देशवासियों विज्ञान कोरोना महामारी से बचने के लिए कोई निश्चित सुविधा उपलब्ध करा पाया है। ऐसी स्थिति में चिंता बढ़ना स्वभाविक है।
The call given by our @PMOIndia to observe #jantacurfew on March 22 (Sunday) will unite the people of India in preparing to meet and deal with the challenges of the looming #Corona Virus.@airnewsalerts @PTI_News @ANI
— Kiran Bedi (@thekiranbedi) March 19, 2020
इसके साथ ही प्रधानमंत्री ने कोरोना से बचने के लिए दो सूत्री फॉर्मूला बताया। पहला संकल्प और दूसरा संयम।
उन्होंने कहा कि आज 130 करोड़ देशवासियों को अपना संकल्प और दृढ़ करना होगा कि हम इस वैश्विक महामारी को रोकने के लिए नागरिक होने के नाते केंद्र सरकार के दिशा-निर्देशों का पूरी तरह से पालन करेंगे। आज हमें ये संकल्प लेना होगा कि हम स्वयं संक्रमित होने से बचेंगे और दूसरों को भी संक्रमित होने से बचाएंगे। इस तरह की वैश्विक महामारी में एक ही मंत्र काम करता है- हम स्वस्थ तो जग स्वस्थ। ऐसी स्थिति में जब इस बीमारी की कोई दवा नहीं है तो हमारा खुद का स्वस्थ रहना बहुत जरूरी हो जाता है।
जनता curfew, ताली और थाली…
सब कुछ जनता ही करेगी, तो आप क्या करेंगे सरकार ?
30 मिनट के भाषण में 3 चीज़ें बताइये जो सरकार करेगी ?— Arfa Khanum Sherwani (@khanumarfa) March 19, 2020
उन्होंने कहा कि 130 करोड़ देशवासियों को अपना संकल्प और दृढ़ करना होगा कि हम इस वैश्विक महामारी को रोकने के लिए एक नागरिक के नाते, अपने कर्तव्य का पालन करेंगे। केंद्र सरकार, राज्य सरकारों के दिशा निर्देशों का पालन करेंगे।
पीएम मोदी ने कहा कि मेरा सभी देशवासियों से ये आग्रह है कि आने वाले कुछ सप्ताह तक जब बहुत जरूरी हो तभी अपने घर से बाहर निकलें। जितना संभव हो सके, आप अपना काम, चाहे बिजनेस से जुड़ा हो, ऑफिस से जुड़ा हो, अपने घर से ही करें।
पीएम मोदी ने कहा कि मैं आज प्रत्येक देशवासी से एक और समर्थन मांग रहा हूं। ये है जनता-कर्फ्यू। जनता कर्फ्यू यानि जनता के लिए जनता द्वारा खुद पर लगाया गया कर्फ्यू। उन्होंने कहा कि इस रविवार, यानि 22 मार्च को सुबह 7 बजे से रात 9 बजे तक सभी देशवासियों को जनता-कर्फ्यू का पालन करना है। उन्होंने कहा कि कोरोना जैसी वैश्विक महामारी के खिलाफ लड़ाई के लिए भारत कितना तैयार है, ये देखने और परखने का भी समय है। पिछले 2 महीनों से लाखों लोग अस्पतालों, एयरपोर्ट, शहरी की गलियों में दिन-रात काम में जुटे हुए हैं। उन्होंने कहा कि चाहे डॉक्टर, नर्स, सफाई कर्मचारी, एयरलाइंस कर्मचारी, सरकारी कर्मचारी, रेलवे-बस कर्मचारी, होम डिलीवरी करने वाले लोग, ये अपनी परवाह न करते हुए दूसरों की सेवा में लगे हुए हैं।
पीएम मोदी ने कहा कि मैं चाहता हूं कि 22 मार्च रविवार के दिन हम ऐसे सभी लोगों को धन्यवाद अर्पित करें। रविवार को ठीक 5 बजे हम अपने घर के दरवाजे पर खड़े होकर, बाल्कनी में, खिड़कियों के सामने खड़े होकर 5 मिनट तक ऐसे लोगों का आभार व्यक्त करें। उन्होंने कहा कि पूरे देश के स्थानीय प्रशासन से भी मेरा आग्रह है कि 22 मार्च को 5 बजे सायरन की आवाज से इसकी सूचना लोगों तक पहुंचाएं। ‘सेवा परमो धर्म’ के हमारे संस्कारों को मानने वाले ऐसे देशवासियों के लिए हमें पूरी श्रद्धा के साथ अपने भाव व्यक्त करने होंगे।
पीएम मोदी ने कहा कि संकट के इस समय में आपको ये भी ध्यान रखना है कि हमारी आवश्यक सेवाओं पर, हमारे अस्पतालों पर दबाव भी निरंतर बढ़ रहा है। इसलिए मेरा आपसे आग्रह ये भी है कि रूटीन चेक-अप के लिए अस्पताल जाने से जितना बच सकते हैं उतना बचें।
पीएम मोदी ने कहा कि कोरोना महामारी से उत्पन्न हो रही आर्थिक चुनौतियों को ध्यान में रखते हुए, वित्त मंत्री के नेतृत्व में सरकार ने एक COVID-19-Economic Response Task Force के गठन का फैसला लिया है।
साभार :प्रभा साक्षी


















