ईरान की संसद मजलिसे शूराए इस्लामी के सांसदों ने एक बिल को मंज़ूरी दी है जिसके अंतर्गत एसिड फेंकने वाले अपराधियों को मौत तक की सज़ा दी जा सकती है।
सोमवार को ईरान की संसद ने एसिड से हमला किए जाने के संबंध में 147 मतों से एक बिल पारित किया। 16 सांसदों ने इस बिल का विरोध किया जबकि चार ने मतदान में भाग नहीं लिया। यह बिल लोगों पर एसिड फेंकने के अपराध की सज़ा में वृद्धि से संबंधित था।

इस बिल के अनुसार जो भी एसिड या किसी भी अन्य रासायनिक पदार्थ से जान बूझ कर किसी पर हमला करेगा तो हमले का निशाना बनने वाले की मांग पर उसे क़ेसास (जैसे को तैसा) का दंड दिया जाएगा। यह दंड मौत की सज़ा से लेकर हमलावर पर भी एसिड डालने या उसके अंग को एसिड में डालने की सज़ा हो सकता है।

रविवार को इस बिल पर संसद में चर्चा की गई थी और चर्चा के दौरान एसिड से हमले का शिकार बनने वाले अनेक लोगों को आमंत्रित किया गया था जिनमें अधिकतर लड़कियां थीं।



















