भारतीय मीडिया के अनुसार, गुरुवार सुबह नाना पाटेकर को बेहोशी की हालत में गोवा के एक प्राइवेट अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उनकी मौत की पुष्टि की। माना जा रहा है कि उनकी मौत हार्ट अटैक से हुई।
खबरों के मुताबिक, सीने में तेज़ दर्द की शिकायत के बाद उन्हें गोवा स्थित उनके अपार्टमेंट में बेहोश पाया गया था।
उनके बेटे मल्हार पाटेकर से मिली जानकारी के अनुसार, सीने में तेज़ दर्द की शिकायत के बाद अभिनेता के अपार्टमेंट में एक मेडिकल टीम भेजी गई थी। टीम ने उन्हें बेहोश पाया और उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां सुबह 5:20 बजे डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
मौत की सही वजह का पता लगाने के लिए आज उनका पोस्टमॉर्टम किए जाने की संभावना है।
नाना पाटेकर—जिनका असली नाम विश्वनाथ पाटेकर था—हिंदी और मराठी सिनेमा के सबसे बेहतरीन अभिनेताओं में से एक माने जाते थे।
उन्होंने 1978 में अपने फिल्मी करियर की शुरुआत की और कई फिल्मों में अपनी बेहतरीन अदाकारी का जलवा दिखाया, जिनमें *परिंदा*, *क्रांतिवीर*, *अग्नि साक्षी*, *खामोशी: द म्यूजिकल*, *अब तक छप्पन* और *वेलकम* जैसी फिल्में शामिल हैं।


















