‘और राहत दी जा सकती थी’
सरकार ने कहा है कि आगे जाकर जीएसटी को और रिफ़ाइन करेंगे. इसमें अभी भी कई ख़ामियां है.
जीएसटी पर राज्य मंत्रियों की कमिटी से बात हुई तो उन्होंने कहा कि अभी सिस्टम से सॉफ्टवेयर वगैरह की दिक्कत को दूर करने के लिए छह महीने और लगेंगे.
एक जुलाई से लागू हुआ था जीएसटी
कुछ लोग यह भी कह रहे हैं कि तिमाही डीएसटी रिटर्न भरने के लिए जो नई डेढ़ करोड़ सालाना टर्नओवर की लिमिट रखी गई है, उसे और कम किया जा सकता था.
दुनिया भर में यह लिमिट आधा या एक मिलियन डॉलर तक है. अगर इसे भारतीय मुद्रा में बदलें तो यह लिमिट साढ़े तीन से चार करोड़ हो जाती है.
इसलिए यह भी कहा जा रहा है कि अगर तिमाही रिटर्न के लिए यह लिमिट पांच करोड़ तक रखी जाती तो छोटे उद्योगों को और भी राहत मिलती.
















/odishatv/media/media_files/2026/04/19/billionaire-entrepreneur-2026-04-19-23-55-02.jpg)


