यहां शुक्रवार को हुए मतदान में 70 फीसदी वोट पड़े थे. निवर्तमान राष्ट्रपति हसन रूहानी दूसरे कार्यकाल के लिए चुनाव मैदान में थे. उनका मुख्य मुकाबला कट्टरपंथी मौलवी और पूर्व अभियोजक इब्राहिम रेसी से था, जो देश के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के करीबी हैं.

यदि चुनाव में किसी भी उम्मीदवार को 50 फीसदी से अधिक वोट नहीं मिलते हैं तो अगले सप्ताह दूसरे दौर का मुकाबला होता. ईरान में 1985 से ही प्रत्येक निवर्तमान राष्ट्रपति का दोबारा चुनाव होता है, जब खामेनेई खुद दूसरे कार्यकाल के लिए निर्वाचित हुए थे. खामेनेई ने शुक्रवार सुबह आठ बजे मतदान शुरू होने के कुछ मिनट बाद ही अपना वोट डाला था.



















