संयुक्त अरब अमीरात में बारिश के लिए एक नया प्लान तैयार किया गया है। आर्टिफिशियल बारिश से पानी की कमी को दूर किया जाएगा।
आर्टिफिशियल बारिश से पहले पर्यावरण के अनुकूल रिसर्च की जाएगी, क्लाउड सीडिंग (आर्टिफिशियल बारिश) प्रोजेक्ट्स के लिए $1.5 मिलियन की रिसर्च ग्रांट जारी की गई है। यूनाइटेड स्टेट्स, जर्मनी और ऑस्ट्रेलिया के साइंटिस्ट रिसर्च करेंगे।
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अमीरात नेशनल सेंटर ऑफ़ मेट्रोलॉजी के तहत तीन साइंटिस्ट चुने गए हैं। अगले 3 सालों तक बारिश बढ़ाने के लिए मॉडर्न टेक्नोलॉजी पर रिसर्च की जाएगी।
साइंटिस्ट को 48 देशों से मिले 140 प्रपोज़ल में से चुना गया, हर चुने गए साइंटिस्ट को ज़्यादा से ज़्यादा $1.5 मिलियन की ग्रांट दी जाएगी।
रिसर्च ग्रांट को तीन सालों में बांटा जाएगा। एक साइंटिस्ट को एक साल में ज़्यादा से ज़्यादा $550,000 दिए जाएंगे। आर्टिफिशियल बारिश में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का इस्तेमाल किया जा रहा है।
अमीराती अधिकारियों के मुताबिक, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस सही बादलों को चुनेगा और बेहतर नतीजे हासिल करेगा। UAE में हर साल बहुत कम बारिश होती है और देश का ज़्यादातर समुद्री पानी डीसैलिनेट करके निकाला जाता है।
UAE पहले से ही हर साल सैकड़ों क्लाउड सीडिंग करता है। अमीराती अधिकारियों के मुताबिक, नई रिसर्च से खेती और पानी के रिसोर्स बेहतर हो सकते हैं।

















